

नमस्कार दोस्तों,
सबसे पहले तो आप सभी का दिल से धन्यवाद कि आपने समय निकालकर भारत की महिलाओं और बच्चियों के लिए शुरू किए गए हमारे अभियान को अपना साथ दिया।
कृपया नीचे दिए लिंक को कॉपी कर के अपने सभी Whatsapp Groups और दोस्तों से शेयर करना ना भूलें।
कॉपी करें और शेयर करें-- change.org/MahilaSansad
मैंने पिछले साल फरवरी के महीने में ही ये पेटीशन शुरू की थी, तब मैं अकेली थी, लेकिन आज मेरे साथ लाखों लोग खड़े हैं। 2020 की फरवरी में #MahilaSansad के बारे में शायद ही किसी को पता रहा होगा। 2021 की फरवरी में 1 लाख से ज़्यादा लोग इस अभियान के साथ जुड़ गए।
ये पेटीशन 1 लाख लोगों तक कैसे पहुँची?
इसलिए पहुँची कि इसे आप जैसे ज़िम्मेदार लोगों ने साइन किया और शेयर करते रहे। इसलिए पहुँची क्योंकि मेरी तरह लाखों लोगों के दिल में ये तकलीफ़ है कि हमारे देश की महिलाओं और बच्चियों के साथ अपराध रुक नहीं रहे। इसलिए पहुँची की भारत के लाखों लोग, युवा, बच्चे-बुज़ुर्ग सच में मिलकर भारत को महिलाओं के लिए दुनिया का सबसे अच्छा देश बनाना चाहते हैं।
मैं जानती हूँ ये आसान काम नहीं है, खासकर तब जब महिला सशक्तिकरण बस एक खोखला वादा और नारा बनकर रह गया है। पर हम मिलकर इसको मज़बूती देंगे। मैं महिलाओं के लिए अपनी आखिरी सांस तक बोलती रहूँगी और आशा करती हूँ आप मेरा साथ देते रहेंगे।
मैं दुबारा आप सभी का दिल से धन्यवाद करने के साथ-साथ आग्रह करूँगी कि इस पेटीशन को शेयर करते रहिएगा। 1 लाख क्या, एक दिन ये 1 करोड़ लोगों तक पहुँचेगी। एक दिन भारत की संसद में महिलाओं के मुद्दों पर विशेष सत्र ज़रूर होगा।
संसद में नारी के दो दिन आकर रहेंगे,
योगिता भयाना