
नमस्कार साथियों,
मैंने ये पेटीशन इस उम्मीद में शुरू की थी कि इसके द्वारा मेरे जैसे दिव्यांग व्यक्तियों के संघर्ष के बारे में और लोग जानेंगे और हम साथ मिलकर बदलाव की शुरुआत करेंगे। मुझे ये उम्मीद सच होती नज़र आ रही है! मेरी पेटीशन साइन कर के इस मुद्दे को अपनी आवाज़ देने के लिए आप सभी का आभार।
पेटीशन को आगे अपने नेट्वर्क में शेयर करते रहें ताकि जल्द हम 10,000 साइन तक पहुँचे।
मैं जयपुर की रहने वाली हूँ। सेरिब्रल पालसी से लड़कर मैंने 10वीं, 12वीं, BA, MA यहाँ तक कि NET भी क्वालीफाई किया है। पर बाकी छात्रों से अलग मैं परीक्षा केंद्र से बाहर आकर भी वापस परीक्षा ही देती हूँ। इतना बुरा लगता है जब परीक्षा देने जाओ और 4-5 लोग आपको उठाकर क्लास में ले आएं मानो मैं कोई मरीज हूँ। आज तक मैंने अपने शहर के ज़्यादातर स्कूल/कॉलेज में विकलांगों के लिए व्यवस्था नहीं देखी है।
मैं चाहती हूँ मुझे और हर दिव्यांग व्यक्ति को अपने सपने साकार करने का समान अवसर मिले, और इस बदलाव की शुरुआत मेरे अपने शहर जयपुर से हो। ये पेटीशन शेयर करें और जयपुर समेत पूरे राज्य, राजस्थान को डिसेबल फ़्रेंड्ली बनाने की माँग को और मज़बूत बनाएँ।
मैं जानती हूँ मेरे अकेले बोलने से शायद ऐसा नहीं होगा, पर जब लाखों लोग बोलेंगे तो अगली बार जब मैं कोई एग्जाम देने जाऊँगी तो मुझे व्हीलचेयर और रैंप ज़रूर मिलेगा।
दिल से धन्यवाद,
प्रिया शर्मा