70वीं BPSC परीक्षा में धांधली: निष्पक्ष जांच, पुनः परीक्षा, और BPSC अध्यक्ष की बर्खास्तगी


70वीं BPSC परीक्षा में धांधली: निष्पक्ष जांच, पुनः परीक्षा, और BPSC अध्यक्ष की बर्खास्तगी
The Issue
सेवा में,
माननीय राज्यपाल ,
राजभवन, पटना - बिहार
विषय: बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) के अध्यक्ष रवि मनुभाई परमार के खिलाफ निष्पक्ष जांच और तत्काल बर्खास्तगी हेतु याचिका
माननीय,
हम बिहार के अभ्यर्थी आपके ध्यान में यह बात लाना चाहते हैं कि 70वीं बीपीएससी परीक्षा में कथित धांधली और भ्रष्टाचार का ही नतीजा है कि आयोग के द्वारा बडे स्तर परीक्षा केंद्रों पर अव्यवस्था देखने को मिली l CCTV की जाँच की जाए, छात्रों के दावों की सत्यता का खुद पता चल जाएगा l जवाबदेह BPSC चेयरमैन है और Deputy CM द्वारा ये कहा जाना कि अभ्यर्थी पेपर लीक का evidence लेके आए, बहुत हास्यास्पद है l एक छात्र की मौत हो गई, उसके लिए भी इस chairman के ऊपर जांच होनी चाहिए l बापू सभागार केंद्र के केंद्र अधीक्षक की मौत भी एक प्रश्न चिन्ह ही है इस चेयरमैन पर l
7 दिनों से सत्याग्रह चल रहा है, लेकिन शासन और प्रशासन की ओर से कोई सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं आई।
दिनांक 25 दिसंबर, छात्रों ने शांतिपूर्ण ढंग से अपनी मांगें प्रस्तुत करने के लिए BPSC कार्यालय की ओर कदम बढ़ाए।
हाथ जोड़कर प्रार्थना करते हुए आगे बढ़ रहे छात्रों पर पुलिस बल ने अत्यंत बर्बरता पूर्वक लाठीचार्ज किया और अभद्र भाषा का प्रयोग किया।
छात्रों का यह कदम प्रशासन से सिर्फ इतना अनुरोध करने के लिए था कि 70वीं BPSC परीक्षा की पुनः परीक्षा के लिए ठोस निर्णय लिया जाए और इसकी तिथि की घोषणा की जाए।
इसके बावजूद, बीपीएससी अध्यक्ष और प्रशासन की चुप्पी इस ओर संकेत करती है कि परीक्षा प्रक्रिया में हुई धांधली को छुपाने का प्रयास किया जा रहा है।
हमारी निम्नलिखित मांगे हैं:
1. श्री रवि मनुभाई परमार के खिलाफ निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराई जाए।
2. जांच पूरी होने तक उन्हें तत्काल प्रभाव से पद से बर्खास्त किया जाए।
3. परीक्षा में हुए कथित भ्रष्टाचार की जांच के लिए एक स्वतंत्र समिति का गठन किया जाए।
4. सत्याग्रह में भाग लेने वाले छात्रों के खिलाफ हुई पुलिस कार्रवाई की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए।
5. पुनः परीक्षा की स्पष्ट तिथि और योजना की तुरंत घोषणा की जाए।
यह मामला न केवल हमारी परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता बल्कि छात्रों के भविष्य से भी जुड़ा हुआ है।
हम आपसे विनम्र निवेदन करते हैं कि इस याचिका को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई करें l
आपकी तत्परता और न्यायपूर्ण निर्णय की प्रतीक्षा में।
धन्यवाद।
भवदीय,
शिक्षा सत्याग्रही
117
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सेवा में,
माननीय राज्यपाल ,
राजभवन, पटना - बिहार
विषय: बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) के अध्यक्ष रवि मनुभाई परमार के खिलाफ निष्पक्ष जांच और तत्काल बर्खास्तगी हेतु याचिका
माननीय,
हम बिहार के अभ्यर्थी आपके ध्यान में यह बात लाना चाहते हैं कि 70वीं बीपीएससी परीक्षा में कथित धांधली और भ्रष्टाचार का ही नतीजा है कि आयोग के द्वारा बडे स्तर परीक्षा केंद्रों पर अव्यवस्था देखने को मिली l CCTV की जाँच की जाए, छात्रों के दावों की सत्यता का खुद पता चल जाएगा l जवाबदेह BPSC चेयरमैन है और Deputy CM द्वारा ये कहा जाना कि अभ्यर्थी पेपर लीक का evidence लेके आए, बहुत हास्यास्पद है l एक छात्र की मौत हो गई, उसके लिए भी इस chairman के ऊपर जांच होनी चाहिए l बापू सभागार केंद्र के केंद्र अधीक्षक की मौत भी एक प्रश्न चिन्ह ही है इस चेयरमैन पर l
7 दिनों से सत्याग्रह चल रहा है, लेकिन शासन और प्रशासन की ओर से कोई सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं आई।
दिनांक 25 दिसंबर, छात्रों ने शांतिपूर्ण ढंग से अपनी मांगें प्रस्तुत करने के लिए BPSC कार्यालय की ओर कदम बढ़ाए।
हाथ जोड़कर प्रार्थना करते हुए आगे बढ़ रहे छात्रों पर पुलिस बल ने अत्यंत बर्बरता पूर्वक लाठीचार्ज किया और अभद्र भाषा का प्रयोग किया।
छात्रों का यह कदम प्रशासन से सिर्फ इतना अनुरोध करने के लिए था कि 70वीं BPSC परीक्षा की पुनः परीक्षा के लिए ठोस निर्णय लिया जाए और इसकी तिथि की घोषणा की जाए।
इसके बावजूद, बीपीएससी अध्यक्ष और प्रशासन की चुप्पी इस ओर संकेत करती है कि परीक्षा प्रक्रिया में हुई धांधली को छुपाने का प्रयास किया जा रहा है।
हमारी निम्नलिखित मांगे हैं:
1. श्री रवि मनुभाई परमार के खिलाफ निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराई जाए।
2. जांच पूरी होने तक उन्हें तत्काल प्रभाव से पद से बर्खास्त किया जाए।
3. परीक्षा में हुए कथित भ्रष्टाचार की जांच के लिए एक स्वतंत्र समिति का गठन किया जाए।
4. सत्याग्रह में भाग लेने वाले छात्रों के खिलाफ हुई पुलिस कार्रवाई की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए।
5. पुनः परीक्षा की स्पष्ट तिथि और योजना की तुरंत घोषणा की जाए।
यह मामला न केवल हमारी परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता बल्कि छात्रों के भविष्य से भी जुड़ा हुआ है।
हम आपसे विनम्र निवेदन करते हैं कि इस याचिका को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई करें l
आपकी तत्परता और न्यायपूर्ण निर्णय की प्रतीक्षा में।
धन्यवाद।
भवदीय,
शिक्षा सत्याग्रही
117
The Decision Makers
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Petition created on 25 December 2024