
Yavan Bodhidharmnभरवारी, Hindistan

18 May 2025
कृष्ण भी कहते हैं
"देवकी ने जन्म दिया, पर यशोदा मौसी मां ने मुझे जान दिया।"ममता ऐसी कि भगवान भी रोते थे जब यशोदा उन्हें डाँटती थीं।
जिसने ईश्वर को दूध पिलाया, जिसने मक्खन के पीछे छिपी मासूमियत को पाला, वही थीं यशोदा मौसी मां सब माओं से बड़ी ममता की मूर्ति।
2 मार्च: विश्व मौसी मां दिवस एक प्रणाम हर यशोदा को, जो बिना जन्म दिए भी भगवान को बड़ा करती हैं।
#Mausi Maa Divas
#YashodaMaa
#मौसी_मां_दिवस
#2March"मां तो थी देवकी, पर ममता थी यशोदा"
(- श्रीकृष्ण की मौसी मां को नमन)
- मां ने जन्म दिया मुझे, मौसी मां ने जीवन । मां ने छोड़ा जेल में, मौसी ने दिया आँगन।
- झूले में जो झुलाया मुझे, जो माखन चुराते नहीं थकती थी, जो बाँधने चली ईश्वर को, वो थी - मौसी मां यशोदा की शक्ति।
- ना गोत्र देखा, ना रक्त देखा, बस मेरी मुस्कान से प्रेम किया।
- जहाँ मैं बालक था, शरारती भी, वहीं वो – ममता का समुद्र बनीं।डाँटा भी इतना, जैसे जननी, पर आँचल से आँसू भी पोछे। ईश्वर था मैं, ये ना समझीं वो, बस "कन्हैया" कह पुकारें।
- आज मैं कृष्ण नहीं होता, अगर यशोदा मौसी मां ना होतीं। देवकी ने जन्म दिया, ठीक है, पर "प्रेम" से गढ़ा मुझे - मौसी मां ने।
2 मार्च - विश्व मौसी मां दिवस । चलो, उन हर यशोदा को प्रणाम करें,चलो, बिना जन्म दिए भी, हमें ममता से पालती हैं।
"मौसी मां सिर्फ रिश्ता नहीं वो भगवान को भी मनुष्यता सिखा देती हैं।"
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