इंडियाज़ डॉटर कैम्पेन - भारत के पुरुषों से आवाहन - आप साथ दे - ज़िम्मेदारी लें

समस्या

भारत सारे संसार में औरतों और लड़कियों के लिए सब से खतरनाक देश माना जा चुका है | हर पंद्रह मिनट में कहीं एक पुरुष एक महिला या लड़की का बलात्कार करता है|  देश की 35% औरतों ने अपने जीवन में कभी न कभी घरेलू हिंसा और यौनिक का अनुभव किया ही है। साढ़े पांच लाख बच्चियां जानबूझ कर गर्भ में ही मार डाली जाती है| पूरे संसार में होने वाले बाल विवाह की एक तिहाई बाल वधुये भारत की ही है।

भारत की बेटियां सड़को पर, काम करने की जगहों पर, सुरक्षित समझे जाने वाली घर के चारदीवारी के अंदर यहाँ तक की माँ के गर्भ में भी पूरी तरह से असुरक्षित है|

विडम्बना यह है की अभी तक औरते अपनी सुरक्षा की यह लड़ाई अकेले ही लड़ती रही है।

अब समय है लड़को और पुरुषों द्वारा आगे कदम बढ़ने का - भारत की आधी आबादी जो महिला नहीं है. पुरुष है, उन्हें आगे आना होगा और सोचना होगा की भारत को लड़कियों के लिए सुरक्षित बनाने के लिए वे क्या करे? अपने आप को कैसे बदले की भारत में 'रेप कल्चर ' की घिनौनी रीति समाप्त हो सके| पुरुष अपने आप में क्या बदलाव लाये ताकी देश लड़कियों के लिए, औरतों के लिए सुरक्षित हो सके।

“इंड़ियाज डॉटर कैंपेन” अभियान के अंतर्गत स्टडी हॉल एजुकेशनल फाउंडेशन देश के लड़के और लड़कियों से, पुरुषों और महिलाओं से और आपसे एक वचन चाहता हैं।

आप इसमें आपना योगदान देने के लिए क्या कर सकते है?

पहला चरण - अपना समर्थन दें - भारत को बेटियों के लिए देश को सुरक्षित बनाने के बनाई गयी इस याचिका को समर्थन देते हुए, याचिका पर हस्ताक्षर करे और अन्य लोगो को भी ऐसा करने के लिए उत्साहित करें।

दूसरा चरण - आंदोलन का हिस्सा बने - भारत को बेटियों के लिए सुरक्षित बनाना है, इसके प्रति अपना समर्थन देते हुए आंदोलन में सक्रिय भाग ले और अन्य लड़को और पुरुषों से भी आंदोलन का हिंसा बनने के लिए अनुरोध करे। हमारे फेसबुक पर पर जाये लाइक करे और उससे जुड़े - https://www.facebook.com/IndiasDaughterCampaign/

तीसरा चरण - आपकी आवाज़ हमारे लिए बहुत महत्व रखती है, आवाज़ उठाये - आप देश के बेटे है, पुरुष है भारत को लड़कियों के लिए सुरक्षित बनाने के लिए आप क्या करेंगे ? आप देश की बेटी है तो आप क्या करेगी जिससे बेटियां सुरक्षित हो सके? ऐसे प्रश्नों पर विचार करे। अपने विचारों को आप आवाज़ दे सकते है- छोटा सा एक मिनट का वीडियो बनाकर या पत्र लिख कर। इन्हे हम तक ceo@studyhallfoundation.org पर भेजे|

चौथा चरण - स्वयं परिवर्तन लाने वाले बने - अपने आस-पास सभी जानने वालों को इस आंदोलन से जोड़े।  उनसे पूछे की वे क्या योगदान दे सकते है?  उन्हें यह सोचने के लिए प्रोत्साहित करे की वे इस दिशा में किस प्रकार परिवर्तन ला सकते है? जो भी इस मुद्दे के लिए काम करके कुछ भी बदलता है, उनकी कहानी उसके प्रयत्न सोशल मीडिया पर इस हैशटैग के साथ शेयर करे - 

#MenAndBoysForGenderJustice #HeForShe #IndiasDaughtersCampaign #IDC2020 #TogetherWeCan #GenderEquality #BoysSpeakUpForGirls

अपनी माओ, बहनों, बेटियों और अपने जीवन से सम्बन्ध रखने वाली सभी औरतों और लड़कियों के लिए आइये, “लैंगिक न्याय पूर्ण समाज” और एक सुरक्षित संसार बनाने का मार्ग प्रशस्त करे। हम सब मिलकर निश्चित रूप से यह बदलाव ला सकते है।

स्टडी हॉल एजुकेशनल फाउंडेशन के माध्यम से हम क्या कर रहे है, इस बारे में और अधिक जानने के लिए हमारे द्वारा होने वाले वेबनार और उनसे जुड़ने के लिए उनका हिस्सा बनने के लिए

फेसबुक :- https://www.facebook.com/ngoshef/ 

इंस्टाग्राम:- https://www.instagram.com/explore/tags/studyhalleducationalfoundation/?hl=en

और  टि्वटर:-  https://twitter.com/SHEF_org पर हमारे साथ जुड़े।

avatar of the starter
Study Hall Educational Foundationपेटीशन स्टार्टरStudy Hall Educational Foundation was established in 1994. Since its inception, SHEF has reached out to over 2,50,000 students and lives through direct and indicates initiatives within Uttar Pradesh and Rajasthan.
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भारत सारे संसार में औरतों और लड़कियों के लिए सब से खतरनाक देश माना जा चुका है | हर पंद्रह मिनट में कहीं एक पुरुष एक महिला या लड़की का बलात्कार करता है|  देश की 35% औरतों ने अपने जीवन में कभी न कभी घरेलू हिंसा और यौनिक का अनुभव किया ही है। साढ़े पांच लाख बच्चियां जानबूझ कर गर्भ में ही मार डाली जाती है| पूरे संसार में होने वाले बाल विवाह की एक तिहाई बाल वधुये भारत की ही है।

भारत की बेटियां सड़को पर, काम करने की जगहों पर, सुरक्षित समझे जाने वाली घर के चारदीवारी के अंदर यहाँ तक की माँ के गर्भ में भी पूरी तरह से असुरक्षित है|

विडम्बना यह है की अभी तक औरते अपनी सुरक्षा की यह लड़ाई अकेले ही लड़ती रही है।

अब समय है लड़को और पुरुषों द्वारा आगे कदम बढ़ने का - भारत की आधी आबादी जो महिला नहीं है. पुरुष है, उन्हें आगे आना होगा और सोचना होगा की भारत को लड़कियों के लिए सुरक्षित बनाने के लिए वे क्या करे? अपने आप को कैसे बदले की भारत में 'रेप कल्चर ' की घिनौनी रीति समाप्त हो सके| पुरुष अपने आप में क्या बदलाव लाये ताकी देश लड़कियों के लिए, औरतों के लिए सुरक्षित हो सके।

“इंड़ियाज डॉटर कैंपेन” अभियान के अंतर्गत स्टडी हॉल एजुकेशनल फाउंडेशन देश के लड़के और लड़कियों से, पुरुषों और महिलाओं से और आपसे एक वचन चाहता हैं।

आप इसमें आपना योगदान देने के लिए क्या कर सकते है?

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दूसरा चरण - आंदोलन का हिस्सा बने - भारत को बेटियों के लिए सुरक्षित बनाना है, इसके प्रति अपना समर्थन देते हुए आंदोलन में सक्रिय भाग ले और अन्य लड़को और पुरुषों से भी आंदोलन का हिंसा बनने के लिए अनुरोध करे। हमारे फेसबुक पर पर जाये लाइक करे और उससे जुड़े - https://www.facebook.com/IndiasDaughterCampaign/

तीसरा चरण - आपकी आवाज़ हमारे लिए बहुत महत्व रखती है, आवाज़ उठाये - आप देश के बेटे है, पुरुष है भारत को लड़कियों के लिए सुरक्षित बनाने के लिए आप क्या करेंगे ? आप देश की बेटी है तो आप क्या करेगी जिससे बेटियां सुरक्षित हो सके? ऐसे प्रश्नों पर विचार करे। अपने विचारों को आप आवाज़ दे सकते है- छोटा सा एक मिनट का वीडियो बनाकर या पत्र लिख कर। इन्हे हम तक ceo@studyhallfoundation.org पर भेजे|

चौथा चरण - स्वयं परिवर्तन लाने वाले बने - अपने आस-पास सभी जानने वालों को इस आंदोलन से जोड़े।  उनसे पूछे की वे क्या योगदान दे सकते है?  उन्हें यह सोचने के लिए प्रोत्साहित करे की वे इस दिशा में किस प्रकार परिवर्तन ला सकते है? जो भी इस मुद्दे के लिए काम करके कुछ भी बदलता है, उनकी कहानी उसके प्रयत्न सोशल मीडिया पर इस हैशटैग के साथ शेयर करे - 

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