भारत सरकार: भारत में पढ़ रहे सभी अफ़ग़ान छात्रों की वीज़ा अवधि बढ़ाएं, स्कॉलरशिप ना रोकें

समस्या

अगर अभी मुझे वापस मेरे देश भेजा गया या तो मुझे जेल में डाला जाएगा या तालिबान के हाथों मुझे मार दिया जाएगा। 

स्टूडेंट वीज़ा पर भारत में पढ़ाई कर रहे हम जैसे कई अफ़गान छात्रों के लिए ये एक भयावह हकीकत है। मेरी पेटीशन साइन करें ताकि हमें भारत में पढ़ते रहने दिया जाए।

मेरा नाम अली है और मैं अफ़ग़ानिस्तान से हूँ। मैं 12 साल का था जब एक बम धमाके ने मुझसे मेरा हाथ छीन लिया। ये धमाका शहर मज़हर-ए-शरीफ़ में गृह युद्ध के समम हुआ था।

मैं एक गरीब परिवार से था जिसके पास बहुत कम संसाधन थे। जंग से बचने का एकमात्र रास्ता था किसी और देश में जाकर स्कॉलरशिप की मदद से पढ़ाई करना। मैं भाग्यशाली था कि मुझे भारत की एक टॉप यूनिवर्सिटी में पढ़ने का मौक़ा मिला। मैंने हाल ही में नई दिल्ली में कंप्यूटर एप्लीकेशन में मास्टर्स (एमसीए) की पढ़ाई पूरी की है।

मैं अगस्त के अंत तक घर वापस लौटने की तैयारी में था लेकिन अब मेरे देश के हालात ऐसे हैं कि वापस जाने पर मेरी जान को खतरा है। मैं अपनी माँ, बहन और भाइयों के बारे में सोच कर बेहद तनाव में हूँ लेकिन फिर भी अपने घर नहीं लौट सकता। मैं ही नहीं बल्कि स्टूडेंट वीज़ा पर आए मेरे सारे साथी अपने-अपने घर वापस नहीं लौट सकते। जब हमारे वीज़ा की समय सीमा समाप्त होगी तो हमें अंततः भारतीय अधिकारियों द्वारा अफगानिस्तान लौटने के लिए कह दिया जाएगा जहां तालिबान ने सत्ता पर कब्जा कर लिया है।

मेरी माँ मुझसे वापस नहीं लौटने की भीख माँग रही है क्यूँकि तालिबान हमारे पड़ोस तक पहुँच चुका है। यह अब हमारी ज़िंदगी और मौत का सवाल है। मेरी पेटीशन साइन करें और भारत में पढ़ रहे सभी अफ़ग़ान छात्रों का समर्थन करें। 

हामिद करज़ई एयरपोर्ट पर मची भगदड़ की वीडियो तो अबतक पूरी दुनिया ने देख ही ली होगी। अपने देश से जान बचाकर भागने के लिए लोग हवाई जहाज़ से लटकने के लिए तैयार हो गए और कुछ गिरकर मारे भी गए। हालात इतने ही भयावह हैं। काश ये सब बस एक फिल्म होती...

मैं स्वयं और भारत में पढ़ रहे अपने सभी अफ़ग़ान भाई-बहनों की ओर से भारत सरकार और इंडियन काउंसिल फॉर कल्चरल रीलेशन्स (ICCR) से अपील करता हूँ कि:

  • हम सभी के स्टूडेंट वीज़ा की अवधि बढ़ाई जाए ताकि हम क़ानूनी रूप से भारत में सुरक्षित रह पाएँ,
  • भारत में ICCR फेलोशिप प्राप्त छात्रों को स्कॉलरशिप की प्रोत्साहन राशि भी दी जाती रहे।

मेरी पेटीशन साइन करें क्यूँकि ये हमारे लिए ज़िंदगी और मौत का सवाल है। 

अफ़ग़ानिस्तान के लोग अब नहीं जानते की उनके साथ आगे क्या होगा। मुझे बस इतना पता है कि हम भारत में सुरक्षित हैं।

साइन करें #SupportAfghanStudents

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Ali Haidariपेटीशन स्टार्टर
यह पेटीशन 51,677 हस्ताक्षर जुट गई

समस्या

अगर अभी मुझे वापस मेरे देश भेजा गया या तो मुझे जेल में डाला जाएगा या तालिबान के हाथों मुझे मार दिया जाएगा। 

स्टूडेंट वीज़ा पर भारत में पढ़ाई कर रहे हम जैसे कई अफ़गान छात्रों के लिए ये एक भयावह हकीकत है। मेरी पेटीशन साइन करें ताकि हमें भारत में पढ़ते रहने दिया जाए।

मेरा नाम अली है और मैं अफ़ग़ानिस्तान से हूँ। मैं 12 साल का था जब एक बम धमाके ने मुझसे मेरा हाथ छीन लिया। ये धमाका शहर मज़हर-ए-शरीफ़ में गृह युद्ध के समम हुआ था।

मैं एक गरीब परिवार से था जिसके पास बहुत कम संसाधन थे। जंग से बचने का एकमात्र रास्ता था किसी और देश में जाकर स्कॉलरशिप की मदद से पढ़ाई करना। मैं भाग्यशाली था कि मुझे भारत की एक टॉप यूनिवर्सिटी में पढ़ने का मौक़ा मिला। मैंने हाल ही में नई दिल्ली में कंप्यूटर एप्लीकेशन में मास्टर्स (एमसीए) की पढ़ाई पूरी की है।

मैं अगस्त के अंत तक घर वापस लौटने की तैयारी में था लेकिन अब मेरे देश के हालात ऐसे हैं कि वापस जाने पर मेरी जान को खतरा है। मैं अपनी माँ, बहन और भाइयों के बारे में सोच कर बेहद तनाव में हूँ लेकिन फिर भी अपने घर नहीं लौट सकता। मैं ही नहीं बल्कि स्टूडेंट वीज़ा पर आए मेरे सारे साथी अपने-अपने घर वापस नहीं लौट सकते। जब हमारे वीज़ा की समय सीमा समाप्त होगी तो हमें अंततः भारतीय अधिकारियों द्वारा अफगानिस्तान लौटने के लिए कह दिया जाएगा जहां तालिबान ने सत्ता पर कब्जा कर लिया है।

मेरी माँ मुझसे वापस नहीं लौटने की भीख माँग रही है क्यूँकि तालिबान हमारे पड़ोस तक पहुँच चुका है। यह अब हमारी ज़िंदगी और मौत का सवाल है। मेरी पेटीशन साइन करें और भारत में पढ़ रहे सभी अफ़ग़ान छात्रों का समर्थन करें। 

हामिद करज़ई एयरपोर्ट पर मची भगदड़ की वीडियो तो अबतक पूरी दुनिया ने देख ही ली होगी। अपने देश से जान बचाकर भागने के लिए लोग हवाई जहाज़ से लटकने के लिए तैयार हो गए और कुछ गिरकर मारे भी गए। हालात इतने ही भयावह हैं। काश ये सब बस एक फिल्म होती...

मैं स्वयं और भारत में पढ़ रहे अपने सभी अफ़ग़ान भाई-बहनों की ओर से भारत सरकार और इंडियन काउंसिल फॉर कल्चरल रीलेशन्स (ICCR) से अपील करता हूँ कि:

  • हम सभी के स्टूडेंट वीज़ा की अवधि बढ़ाई जाए ताकि हम क़ानूनी रूप से भारत में सुरक्षित रह पाएँ,
  • भारत में ICCR फेलोशिप प्राप्त छात्रों को स्कॉलरशिप की प्रोत्साहन राशि भी दी जाती रहे।

मेरी पेटीशन साइन करें क्यूँकि ये हमारे लिए ज़िंदगी और मौत का सवाल है। 

अफ़ग़ानिस्तान के लोग अब नहीं जानते की उनके साथ आगे क्या होगा। मुझे बस इतना पता है कि हम भारत में सुरक्षित हैं।

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Ali Haidariपेटीशन स्टार्टर

फैसला लेने वाले

S. Jaishankar
S. Jaishankar
External Affairs Minister
V. Muraleedharan
V. Muraleedharan
Minister of State for External Affairs
Meenakshi lekhi
Meenakshi lekhi
Minister of State for External Affairs
Rajkumar Ranjan Singh
Rajkumar Ranjan Singh
Minister of State for External Affairs
Arindam Bagchi
Arindam Bagchi
Official Spokesperson and Joint Secretary [XP]

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17 अगस्त 2021 पर पेटीशन बनाई गई